पुराने सोने या सोने के आभूषण बेचने पर नहीं लगेगा जीएसटी
आम लोगों को इस नीतिगत कदम से होगी काफी सहूलियत

हमारे संवाददाता

नई दिल्ली । मोदी सरकार के वित्त मंत्रालय की तरफ से पुराने सोने या सोने के आभूषण बेचने पर लगने वाले 3 प्रतिशत जीएसटी के फैसले को वापस ले लिया गया है।जिसको लेकर वित्त मंत्रालय की तरफ से ट्विट कर जानकारी दी गई है कि यदि कोई व्यक्ति पुरानी सोने के आभूषण को किसी आभूषण के व्यापारी को बेचता है तो उस पर सीजीएसटी एक्ट 2017 का सेक्शन 9(4) नहीं लगेगा।यानि कोई व्यक्ति जीएसटी में पहले से ही पंजीकृत ज्वेलर को पुराना सोना या सोने का आभूषण बेचता है तो उस पर 3 प्रतिशत टैक्स नहीं देना होगा। बहरहाल यदि कोई व्यक्ति ऐसे किसी आभूषण के व्यापारी को अपनी सोने के आभूषण बेचता है जो कि जीएसटी में पंजीकृत नहीं है तो उसे तीन प्रतिशत जीएसटी देना होगा।हालांकि वित्त मंत्रालय की तरफ से कहा गया है कि आभूषण के व्यापारी ऐसे किसी भी खरीद पर रिवर्स चार्ज या कोई टैक्स नहीं देना होगा।जिसको लेकर वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि यदि सोने के आभूषण का कोई अपंजीकृत सप्लायर पंजीकृत सप्लायर को सोना बेचता है तो उस पर आरसीएम के तहत टैक्स लगेगा।उललेखनीय है कि केद्रीय राजस्व सचिव हसमुख अधिया ने 12 जुलाई 2017 को कहा था कि सोने के आभूषण व्यापारी के पास यदि कोई व्यक्ति सोने की पुरानी आभूषण बेचने जाता है तो उस पर तीन प्रतिशत टैक्स लगेगा।यदि कोई व्यक्ति लगभग एक लाख रुपए की सोने के आभूषण बेचता है तो उस पर 3000 रुपए जीएसटी लगेगा।राजस्व सचिव ने यह भी कहा था कि कोई ग्राहक यदि सिर्फ सोने के आभूषण की मरम्मत करवाता है तो यह जॉब वर्क होगा और इस पर 5 प्रतिशत जीएसटी लागू किया जाएगा।