चीन की पूछताछ यार्न निर्माताओं के लिए उम्मीद की नई किरण

चीन की पूछताछ यार्न निर्माताओं के लिए उम्मीद की नई किरण
हमारे प्रतिनिधि
अहमदाबाद। कोरोना वायरस प्रकोप के कारण कुलमिलाकर खराब स्थिति के बीच चाइनीज आयातकों की नई पूछताछ शुरु होने से गुजरात के यार्न निर्माता उम्मीद की किरण देख रहे हैं ।
स्पिनर्स एसोसिएशन ऑफ गुजरात के चेयरमैन भरत बोथरा ने कहा कि पिछले दो महीने से गुजरात की लगभग 120 स्पिýनग मिलें मंद अंतरराष्ट्रीय एवं घरेलू मांग के कारण खराब दौर से गुजर रही हैं ।
गुजरात में निर्मित कुल यार्न में से 30% का विभिन्न देशों को निर्यात किया जाता है। चीन भारत से काटन यार्न का एक सबसे बड़ा खरीददार है। कोरोना वायरस के कारण चीन के व्यापारियों ने भारत एवं अन्य देशों से आयात बिल्कुल बंद कर दिया था, लेकिन पिछले एक सप्ताह से चीन के व्यापारियों द्वारा नई पूछताछ शुरु हुई है।
उन्होंने आगे कहा कि कुछ महीना पहले 30 काउंट काटन यार्न का मूल्य लगभग 205 रु. था, जो निर्यात बाजार में घटकर लगभग 190 से 195 रु. हुआ है।
न सिर्फ चाइनीज पूछताछ बल्कि घरेलू मांग में भी कुछ सुधार दिखायी दे रहा है। जो गुजरात एवं देश के अन्य भाग के यार्न निर्माताओं के लिए अच्छा है। आगामी एक से दो महीने में सब कुछ नार्मल होने की उम्मीद है क्योंकि चीन में वायरस का प्रकोप कम होने की खबरें आ रही हैं ।
अनुमान के अनुसार, गुजरात के स्पिýनग उद्योग का योगदान 30,000 करोड़ रु. है तथा राज्य की स्पिýनग मिलों में 70,000 से अधिक लोग कार्य कर रहे हैं ।
स्पिýनग उद्योग अच्छी वर्षा और गुजरात में कपास की अधिक बोआई के कारण बुलिश था जिसमें गत वर्ष की 90 लाख गांठ की तुलना में इस सीजन में 100 लाख गांठ से अधिक फसल होने का अनुमान है। देश के कुल रुई उत्पादन में गुजरात का उल्लेखनीय 30% हिस्सा है।

© 2020 Saurashtra Trust

Developed & Maintain by Webpioneer